उन्नाव पी’ड़िता का हुआ अंतिम संस्कार, घर, नौकरी सुरक्षा के नाम पर माने परिजन

New Delhi : उन्नाव में आ’ग के हवाले की गई बला’त्कार पी’ड़िता के परिवार ने लखनऊ मंडलायुक्त और अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की ओर से आश्वासन मिलने के बाद पी’ड़िता का रविवार को अंतिम संस्कार किया।

इससे पहले पी’ड़िता के परिजन ने कहा था कि वे पी’ड़िता का तब तक अंतिम संस्कार नहीं करेंगे, जब तक उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उनसे मिलने नहीं आते।

पी’ड़िता के अंतिम संस्‍कार की प्रशासनिक तैयारियों के बीच मृत’का की बहन ने कहा था कि जब तक मुख्यमंत्री आदित्‍यनाथ मौके पर नहीं आते और कड़ी कार्रवाई का आश्‍वासन नहीं देते, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। पी’ड़िता की बहन ने कहा कि उन्हें मुख्यमंत्री से खुद बात करनी है। उसने यह भी कहा कि उसकी बहन की सरकारी नौकरी लगने वाली थी।

पी’ड़िता की बहन ने कहा कि परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जानी चाहिए और घटना के जिम्मेदार आ’रोपियों को तत्‍काल फां’सी दी जानी चाहिए। जिला प्रशासन के काफी मनाने के बावजूद पी’ड़िता के परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी नहीं हुए। इसके बाद लखनऊ के मंडलायुक्त मुकेश मेश्राम ने परिजन से करीब आधे घंटे की और उन्हें समझाया-बुझाया

लखनऊ मंडलायुक्त ने पी’ड़िता की बहन को सुरक्षा, नौकरी और परिवार के लिए पक्का मकान देना का वादा किया। इसके बाद पी’ड़िता का परिवार अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुआ। बाद में कड़ी सुरक्षा के बीच गांव के बाहर एक खेत में शव को दफना दिया गया।