ई-पासपोर्ट से यात्रा होगी सुगम, विदेश मंत्रालय ने ई-पासपोर्ट बनाने का दिया प्रस्ताव

New Delhi: अब ई-पासपोर्ट नागरिकों को यात्रा में सुरक्षा की गारंटी प्रदान करेंगे। सुरक्षा सुविधाओं के साथ लैस ई-पासपोर्ट यात्रा को सुगम बनाने में अपनी अहम भूमिका निभाएंगे। विदेश मंत्रालय ने प्राथमिकता के आधार पर ई पासपोर्ट बनाने का प्रस्ताव दिया है। केंद्रीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सातवें पासपोर्ट दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में कहा कि हमने प्राथमिकता के आधार पर ई-पासपोर्ट बनाने का प्रस्ताव दिया है। इस प्रस्ताव के कारण निकट भविष्य में आधुनिक सुरक्षा पहलुओं से लैस नई पासपोर्ट बुकलेट लाया जा सकेगा। नागरिकों को चिप आधारित ई-पासपोर्ट जारी किया जाएगा।

इस परियोजना के संबंध में मंत्रालय ने इंडिया सिक्युरिटी प्रेस के साथ बातचीत शुरू कर दी है। मंत्रालय हर लोकसभा क्षेत्र में नया पोस्ट ऑफिस पासपोर्ट सेवा केंद्र (पीओपीएसके) खोलने की तैयारी में है। पिछले कार्यकाल में सरकार की प्रतिबद्धता को देखते हुए मंत्रालय इस ओर पूरी तत्परता के साथ जुटा हुआ है। विदेश और संचार मंत्रालय पीओपीएसके से संबंधित सारी औपचारिकताएं पूरी कर रहे हैं। और कई जगहों पर पीओपीएसके सेवा जल्द शुरू करने को लेकर दोनों मंत्रालयों ने अपनी कमर कस ली है।

जयशंकर ने कहा कि संभावना अध्ययन पूरी करने के बाद पीओपीएसके स्थापित करने के लिए स्थानों की घोषणा करेंगे। विदेश मंत्रालय पिछले पांच वर्षों से पासपोर्ट सेवाओं के लिए काफी अच्छा काम कर रही है। जयशंकर ने संचार मंत्री रविशंकर प्रसाद को पीओपीएसके खोलने के लिए धन्यवाद दिया। जनवरी 2017 से 412 पीओपीएसके खोलने को श्रेय संचार मंत्री रविशंकर प्रसाद को जाता है, जिन्होंने इस क्षेत्र में काफी अच्छा काम किया है।

जयशंकर ने कहा कि 93 केंद्र शुरू होने के बाद अब पीओपीएसके की कुल संख्या 505 हो गई है। देश में हर साल औसतन एक करोड़ से अधिक पासपोर्ट जारी किए जाते हैं। पीओपीएसके के बढ़ते केंद्रों के कारण अब देश के नागरिक को पासपोर्ट आवेदन जमा करने के लिए दूर नहीं जाना पड़ता है।