मालिक की जान बचाने के लिए जहरीले कोबरा से भिड़ गया कुत्ता…सांप को मारकर ही मरा

New Delhi : वफादारी= कुत्ता। जी हां जब जब वफादारी की बात आती है कुत्ता ही सबसे पहले जहन में आता है। इंसानों के सबसे करीब अगर कोई जानवर है तो वो कुत्ता ही है। कुत्ते के भीतर एक ऐसी ख़ासियत होती है कि वह पलक झपकते ही इंसान के इशारे को समझ लेता है और उसके अनुरूप काम करता है। रोजाना की जिंदगी में अक्सर ऐसी घटनाएं आती रहती हैं, जिनमें अपने मालिक के लिए कुत्ते के बलिदान की कहानी होती है।

ताजा घटना तमिलनाडु के तंजावुर से सामने आई है। यहां पर एक किसान का सामना पांच फीट लंबे कोबरा से हो गया। नटराजन कुछ कर पाता इससे पहले ही सांप पर उसका पालतू कुत्ता टूट पड़ा और मालिक की जान बचा ली। सांप और कुत्ते के बीच जबरदस्त लड़ाई हुई। इस बीच नटराजन लाठी लाने के लिए अपने घर की ओर दौड़ा। तब तक कुत्ते और सांप के बीच जमकर लड़ाई हुई। आखिरकार कुत्ते ने सांप के फन को ही नोंच लिया और देखते ही देखते सांप मर गया।

जब नटराजन डंडा लेकर घर से आया तो देखा कि सांप मरा है और कुत्ता लहूलुहान है। पूरा वाकया समझ नटराजन ने अपने कुत्ते को गले से लगा लिया। लेकिन कुछ ही मिनटों में कुत्ते की हालत बिगड़ने लगी। कुछ ही देर में कुत्ते की भी मौत हो गई। कुत्ते के मृत शरीर को गले से लगाकर नटराजन जी भरकर रोया। उसने कहा कि अगर ये कुत्ता न होता तो उसकी जान भी जा सकती थी।

कुत्ते और सांप की इस लड़ाई की चर्चा जिसने भी सुनी, कुत्ते को देखने आया। मालिक के कुत्ते की कुर्बानी की ये कहानी तंजावुर में चर्चा का बिषय बनी हुई है। मार्च 2019 में ओडिशा के खोरधा जिले में भी ऐसी ही एक घटना हुई थी। खोरधा जिले के एक छोटे से कस्बे जटणि में अमन शरीफ अपने माता-पिता, चाचा-चाची और दादी के साथ रहते हैं। सोमवार रात को दो बजे अचानक उन्हें अपने डैलमेशियन प्रजाति के कुत्ते टायसन की जोर-जोर से भौंकने की आवाज आई। शरीफ ने उठकर देखा तो सामने कोबरा सांप और टायसन एक दूसरे से भिड़े हुए थे।

घर के मालिक शरीफ ने बताय कि उन्होंने देखा कि कुछ ही दूरी पर ही मुख्य दरवाजे पर टायसन सांप को मार रहा है। सांप को मारने के बाद कुछ देर में टायसन भी जमीन पर गिर पड़ा। उन्होंने बताया कि टायसन की पूंछ और चेहरे पर सांप के काटने के निशान थे। कुछ ही देर में टायसन की मौत हो गई थी।