जवानों को सलाम: असम से बड़ी मात्रा में ह’थियार और वि’स्फोटक किए ज’ब्त

New Delhi: सुरक्षा बलों ने मंगलवार को एक ऑपरेशन में असम में ह’थियारों और वि’स्फोटकों का एक बड़ा जखीरा ज’ब्त किया। भारत-भूटान सीमा के करीब मानस नेशनल पार्क में सुरक्षा बलों को ये हथि’यार ब’रामद हुए। अधिकारियों को संदेह है कि ह’थियार बैन किए गए संगठन नेशनल डेमोक्रेटिक फ्रंट ऑफ बोडोलैंड (एस) के हैं, जो क्षेत्र में सक्रिय आ’तंकवादी संगठन है।

चारो बोडो टेरिटोरियल एरिया डिस्ट्रिक्ट जिलों में से एक, चिरांग के पुलिस अधीक्षक सुधाकर सिंह के अनुसार, पानबारी रिजर्व फॉरेस्ट में सोमवार शाम 5 बजे से शुरू किए गए अभियान के दौरान ह’थियार बरा’मद हुए हैं। यह अभियान असम पुलिस, भारतीय सेना और एसएसबी के संयुक्त रूप से चलाया गया था। पानबारी रिजर्व फॉरेस्ट, मानस नेशनल पार्क के अंतर्गत आता है।

सिंह ने कहा, “एक स्रोत और सेना के ट्रैकर कुत्ते द्वारा दी गई लीड के आधार पर, कई स्थानों पर खुदाई की गई थी। एक जगह पर प्लास्टिक में ढंके आठ पैकेट ब’रामद हुए। काले और हरे रंग के प्लास्टिक के पैकेटों को हटाने के बाद, पुलिस ने कहा कि उन्होंने नौ फैक्ट्री रा’इफलें, 11 देश निर्मित रा’इफलें, 17 किलोग्राम प्लास्टिक वि’स्फोटक, एके सीरीज राइ’फलें के लिए गोला-बा’रूद, स्नाइपर राइ’फल, पि’स्तौल और 93 फीट तार बरामद किया। संभावना जताई जा रही है कि हथि’यार एनडीएफबी (एस) के हैं, क्योंकि इस समय इलाके में उसके कैडरों की आवाजाही थी।”

मानस नेशनल पार्क के निदेशक अमल सरमा ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों से स्थिति में सुधार हुआ है। पार्क 850 वर्ग किमी के क्षेत्र में फैला है। पानबारी वन क्षेत्र में पहले विद्रोही समूह द्वारा काफी गतिविधियाँ की जाती थी। सुरक्षा बलों द्वारा निरंतर कार्र’वाई के कारण, यह अब काफी हद तक शांतिपूर्ण है।

इस बीच, गुवाहाटी में, एक रक्षा प्रवक्ता ने कहा कि असम राइफ’ल्स ने 22 सितंबर को नागालैंड के लोंगलेंग जिले में दो एनडीएफबी कैडरों को गिर’फ्तार किया और एक एके 47 राइफल और गोला-बारू’द ज’ब्त किया।