बचपन में अगर आंत संबंधी बीमारी के शिकार रहे हैं तो हो जाइए सावधान,हो सकता है कैंसर

New Delhi:हाल ही में हुए एक अमेरिकी अध्ययन में यह बात सामने आई है कि जो लोग बचपन में अल्सरेटिव कोलाइटिस या क्रोहन संबंधी आंत्र रोग बीमारी से पीड़ित रहे हैं उन लोगों के कैंसर की चपेट में आने और समय से पहले मौत का खतरा बढ़ जाता है।

अल्सरेटिव कोलाइटिस आंतों से जुड़ी ऐसी बीमारी है जो सीधा बड़ी आंत को प्रभावित करती है और जलन और सूजन का कारण बनती है ध्यान न देने पर ये गहरी समस्या का रूप ले लेती है।

जर्नल ऑफ एलिमेंटरी फार्माकोलॉजी एंड थेरेप्यूटिक्स में प्रकाशित अध्ययन के अनुसार, शोधकर्ताओं ने 18 साल की उम्र से पहले अल्सरेटिव कोलाइटिस और क्रोहन बीमारी से ग्रसित लोगोे के रोगियों का निदान किया।

करीबन 10 वर्षों के इस शोध के बाद,जिन लोगोेें पर यह शोध किया गया था उनमें 72 रोगियों में कैंसर पाया गया जिनमें से 65 की मृत्यु हो गई।  ज्यादातर लोगोंं में कैंसर  छोटी या बड़ी आंत में पाया गया, लेकिन उनमें लिम्फोमा और त्वचा मेलेनोमा के मामले भी थे।

बचपन के दौरान अल्सरेटिव कोलाइटिस से पीड़ित मरीजों में कैंसर विकसित होने का जोखिम 2.5 गुना अधिक था और सामान्य आबादी की तुलना में फॉलो-अप के दौरान मरने का 3.7 गुना अधिक जोखिम था।

अल्सरेटिव कोलाइटिस या क्रोहन जैसी बीमारियां  युवाओॆ  लिए कैंसर जैसी भंयकर बीमारी की चपेट में आने की संभावनाओं को बढ़ा देती है। साथ ही, अध्ययन में आत्महत्या का बढ़ता जोखिम रोगियों के मानसिक स्वास्थ्य का आकलन करने की जरूरत को दिखाता है।