राममंदिर पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ सुन्नी वक्फ बोर्ड नहीं डालेगा रिव्यू पिटिशन

New Delhi : अयोध्या पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ सुन्नी वक्फ बोर्ड नहीं डालेगा रिव्यू पिटिशन।

इससे पहले कल राम मंदिर आंदोलन से जुड़े रहे बीजेपी के वरिष्ठ नेता विनय कटियार ने अयोध्या फैसले को लेकर बयान दिया था कि अगर मुस्लिम पक्ष सुप्रीम कोर्ट में रिव्यू पिटीशन दायर करेगा तो हम मथुरा-काशी का रुख कर लेंगे।

अयोध्या के कारसेवक पुरम में राम मंदिर की तरफ से कानूनी भूमिका निभाने वाले अधिवक्ताओं के सम्मान समारोह में पहुंचे विनय कटियार ने आजतक से बातचीत में कहा कि अगर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ रिव्यू पिटीशन दायर किया गया तो वे मथुरा और काशी की ओर बढ़ जाएंगे।
आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या की विवादित 2.7 एकड़ जमीन पर रामलला का अधिकार बताते हुए केंद्र सरकार से राम मंदिर निर्माण के लिए 3 माह में ट्रस्ट गठित करने का आदेश दिया है।

इसके बाद ट्रस्ट बनाने की कवायद शुरू हो गई है। इस बीच, राम जन्मभूमि न्यास चाहता है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को ट्रस्ट के अध्यक्ष बनें। यानी योगी आदित्यनाथ की देखरेख में ही राम मंदिर का निर्माण हो। राम जन्मभूमि न्यास के महंत नृत्य गोपाल दास ने यह बात कही है।
महंत नृत्य गोपाल दास के अनुसार, योगी आदित्यनाथ को एक मुख्यमंत्री के रूप में नहीं बल्कि गोरक्ष पीठ के महंत के रूप में ट्रस्ट की अध्यक्षता करें। गोरखपुर का ख्यात गोरखनाथ मंदिर गोरक्षपीठ का है, जिसने राम मंदिर आंदोलन में अहम भूमिका निभाई है। सबसे पहले महंत दिग्विजय नाथ, फिर महंत आदित्यनाथ और अब योगी आदित्थनाथ ने राम मंदिर में अहम भूमिका निभाई है।