परिवहन मंत्री ने ऑटो सेक्टर में मंदी के लिये वैश्विक अर्थव्यवस्था को ठहराया जिम्मेदार

New Delhi : केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने ऑटोमोबाइल सेक्टर में मंदी का कारण वैश्विक अर्थव्यवस्था को बताया है। गुरुवार को गडकरी ने कहा देश के ऑटोमोबाइल क्षेत्र में मंदी की समस्या वैश्विक अर्थव्यवस्था, मांग और आपूर्ति के कारण उत्पन्न हुई है। सरकार पहले से ही ऑटोमोबाइल उद्योग के साथ है। इसके साथ ही परिवहन मंत्री ने भरोसा दिया कि वित्त मंत्रालय के साथ मिलकर इस मंदी का समाधान निकालेंगे।

आपको बता दें समय भारत के ऑटोमोबाइल क्षेत्र की हालत इस समय पस्त हैं ऐसे में इस मंदी के चलते इस क्षेत्र में काम करने वाले बहुत से लोगों को अपनी नौकरी से हाथ धोना पड़ सकता है। इसका असर अभी से दिखना शुरू भी हो गया है बहुत से ऑटोमोबाइल क्षेत्र के विक्रेता अपनी फैक्ट्री बंद करने को मजबूर हैं जिस वजह से इस सेक्टर में काम करने वाले बहुत से लोगों को नौकरी से बाहर का रास्ता दिखाया जा रहा है।

धीमी पड़ती मांग के बीच होंडा मोटर को.,टाटा मोटर्स, महिंद्रा एंड महिंद्रा ने थोड़े समय के लिए उत्पादन को स्थगित कर दिया गया है।ऑटोमोबाइल सेक्टर की जीडीपी में 7 प्रतिशत की हिस्सेदारी है और ये अब तक की अपनी सबसे खराब गिरावट का सामना कर रहा है। भारत में ऑटोमोबाइल क्षेत्र प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से 35 मिलियन लोगों को रोजगार देता है। एक निजी डाटा ग्रुप के मुताबिक जुलाई 2019 में बेरोगारी दर 7.51 प्रतिशत तक बढ़ गई जो कि एक साल पहले 5.66 प्रतिशत थी।

गाड़ियों की लगातार घट रही बिक्री को देखते हुए सबसे बड़ी कर निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने अपने हरियाणा में स्थित गुरुग्राम प्लांट और मानेसर प्लांट में पैसेंजर व्हीकल मैन्युफैक्चरिंग ऑपरेशंस बंद करने का फैसला किया है। कंपनी 7 और 9 सितंबर को मैन्युफैक्चरिंग नहीं करेगी। इन दोनों ही दिन कोई प्रोडक्शन नहीं होगा।