कर्नाटक में बारिश और बाढ़ से हाहाकार के बीच नौसेना बनी मसीहा, बाढ़ में फंसे 26 लोगों को बचाया

New Delhi: भारत के कई दक्षिणी राज्य बाढ़ का कहर झेल रहे हैं। इनमें केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु और पश्चिम के गुजरात, महाराष्ट्र शामिल हैं। यहां लगातार हो रही बारिश से लोगों का जन जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। NDRF और सेना के जवान इस मुश्किल परिस्थिति में फंसे लोगों के उद्धारक साबित हो रहे हैं। गोवा में नौसेना एयर स्टेशन INS हंसा ने कल रविवार को बाढ़ प्रभावित बेलगावी जिले में हवाई बचाव और राहत अभियान जारी रखा। आईएनएस हंसा के नौसेना हेलीकॉप्टरों ने कल 26 फंसे हुए लोगों को निकाला और राहत शिविरों में लेकर गए।

वहीं वायु सेना के Mi-17 ने कर्नाटक के रायचूर जिले में स्थित नारायणपुर बांध के पास फंसे 6 लोगों को बचाया। एक गर्भवती महिला जिसको मेडिकल एड की जरूरत थी, को भारतीय वायुसेना के चिकित्सा अधिकारी ने हेलीकॉप्टर में ही प्राथमिक उपचार दिया। बाद में जब हेलिकॉप्टर लैंड हुआ तो महिला को अस्पताल में ट्रांसफर किया गया।

यह बचाव अभियान बहुत ही मुश्किल था क्योंकि वहां रोशनी भी कम थी और मौसम भी खराब था।

आपको बता दें की बाढ़ राहत कार्यों को अंजाम देने के लिए महाराष्ट्र के रायगढ़, कोहलापुर और सांगली जिलों में सेना के जवानों को भेजा गया है। इसके साथ-साथ कर्नाटक के बेलगाम, बागलकोट और रायचूर जिलों में भी सेना के जवानों को राहत एवम् बचाव कार्यों के लिए भेजा गया है। कुल मिलाकर लगभग 1000 सेना के जवानों और कुल 12 इंजीनियर टास्क फोर्स को दोनों राज्यों में तैनात किया गया है।

कर्नाटक में 40 की मौत

कर्नाटक के 17 जिलों के 80 तालुकाओं में पिछले सप्ताह आई बाढ़ में 40 लोगों की मौत हो चुकी है और चार लाख से अधिकर लोग अपना घर छोड़ चुके हैं। बाढ़ का सबसे ज्यादा प्रभाव बेलागावी, बगलकोट, विजयपुरा, गड़ाग, उत्तर कन्नड़, रायचूर, यदिगीर, दक्षिण कन्नड़, उडुपी, चिकमंगलूर और कोडागू जिलों पर पड़ा है।

अमित शाह ने किया हवाई सर्वेक्षण

रविवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह कर्नाटक के बेलगावी जिला पहुंचे, जहां उन्होंने बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया। एयरपोर्ट पर अमित शाह के स्वागत के लिए मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा समेत अन्य नेता और अधिकारी मौजूद रहे।

कर्नाटक केे मुख्यमंत्री येदियुरप्पा ने बाढ़ को राज्य में 45 साल की सबसे बड़ी आपदा बताया है। इसमें अब तक 6 हजार करोड़ रु. का नुकसान हो चुका है। कर्नाटक सरकार ने केंद्र से 3 हजार करोड़ रु. की मदद मांगी है।

वहीं येदियुरप्पा ने राज्य में बाढ़ में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 5 लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने बताया कि दो लाख से अधिक लोगों को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से निकाला गया है और 1.61 लाख लोग राज्य भर में 664 राहत शिविरों में हैं।

येदियुरप्पा ने यह भी कहा कि बाढ़ में लगभग 3.75 लाख हेक्टेयर फसल क्षेत्र, 14,000 घर और 478 किमी. बिजली की लाइनें क्षतिग्रस्त हो गई हैं। सरकार की ओर से लगातार बचाव कार्य किया जा रहा है। एनडीआरएफ, सेना, नेवी और एसडीआरएफ की टीमें लोगों को सुरक्षित जगह पहुंचा रही हैं। बाढ़ प्रभावित जिलों में सभी स्कूल और कॉलेज 15 अगस्त तक बंद रहेंगे।

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