कपिल मिश्रा ने मारी पलटी, अपनी अयोग्यता के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट से वापस ली याचिका

NEW DELHI : कपिल मिश्रा ने बुधवार को दिल्ली हाईकोर्ट से दलबदल विरोधी कानून के तहत उनकी अयोग्यता के खिलाफ अपनी याचिका को वापस ले लिया है। याचिका वापस लेने के बाद कपिल मिश्रा ने कहा “मैं भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गया हूं और मेरा एकमात्र लक्ष्य अब अरविंद केजरीवाल की भ्रष्ट सरकार को दिल्ली से बाहर फेंकना है।” कपिल मिश्रा के वकील अश्विनी कुमार दुबे ने अदालत से अनुरोध किया था कि उन्हें याचिका वापस लेने की अनुमति दी जाए।

आपको बता दें दिल्ली विधानसभा से अयोग्य ठहराये गए आप विधायक कपिल मिश्रा ने 1 सितंबर को दिल्ली हाई कोर्ट में दावा किया था कि उनके खिलाफ कार्रवाई इसलिए की गई क्योंकि उन्होंने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, मंत्रियों, अधिकारियों और विधानसभा अध्यक्ष के कथित भ्रष्टाचार को उजागर किया था।

हाल ही में भाजपा में शामिल हुये कपिल मिश्रा ने अपने हलफनामे में कहा था कि वह भाजपा सांसद विजय गोयल के आवास पर गए जहां उन्होंने दिल्ली भाजपा प्रमुख मनोज तिवारी से मुलाकात की। “किसी भी कानून के तहत, याचिकाकर्ता की इस यात्रा को पार्टी से स्वेच्छा से इस्तीफा देने के लिए भी बराबर किया जा सकता है,” इसके अलावा उन्होंने दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष द्वारा लगाए गए आरोपों और निष्कर्षों को अवैध और असंवैधानिक करार दिया था ।

गौरतलब है कि आप के विधायक गौरतलब है कि दिल्ली सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे कपिल मिश्रा लगातार दिल्ली के मुख्यमंत्री केजरीवाल के खिलाफ मोर्चा खोले हुए थे और उनके ऊपर कई तरह की अनियमितताओं के आरोप लगाए थे। जल संसाधन मंत्री के पद से हटाए गए कपिल मिश्रा ने सीएम अरविंद केजरीवाल और मंत्री सत्येंद्र जैन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। इसके अगले ही दिन आप ने उन्हें निलंबित कर दिया था। उसके बाद से वह सार्वजनिक मंचों पर पीएम मोदी के मुखर समर्थक के रूप में नजर आते हैं।