फिल्म बाटला हाउस की स्पेशल स्क्रीनिंग का दिल्ली HC ने दिया आदेश, कहा सुनवाई पर नहीं होगा असर

New Delhi: दिल्ली उच्च न्यायालय ने राजधानी में फिल्म बाटला हाउस की विशेष स्क्रीनिंग का आदेश दिया है जो जल्द ही थियेटरों में रिलीज होने वाली है। फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने के लिए दायर की गई याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायालय ने यह आदेश दिया है। बाटला हाउस मुठ’भेड़ पर आधारित यह फिल्म इन दिनों काफी सुर्खियों में है। इस मुठ’भेड़ की सच्चाई को लेकर एक बार फिर से लोगों में उत्सुकता देखते ही बन रही है।

न्यायालय में याचिका अरिज खान ने दायर की है जो 2008 के इस शू’ट आउट के आरो’पियों में से एक है। इसके साथ ही शहजाद अहमद जिन्हें मुठ’भेड़ के दौरान एक पुलिस अधिकारी की ह’त्या का दो’षी ठहराया गया था, इस संदर्भ में न्यायालय में अपील की है। याचिका में आ’रोप लगाया गया कि फिल्म निर्माताओं ने जा’नबूझ’कर का’नूनी प्रक्रियाओं को अनदेखा किया है। उन्होंने आ’रोप लगाया है कि फिल्म के जरिए इस घटना को एक निश्चित मोड़ दिया जा रहा है। याचिकाकर्ता ने कहा कि इस फिल्म से निचली अदालत में चल रही उसकी सुनवाई पर बुरा असर पड़ेगा।

न्यायमूर्ति विभू बाखरू ने फिल्म के निर्माताओं को निर्देश दिया है कि वे फिल्म की विशेष स्क्रीनिंग रखेंगे। आदेश में कहा गया है कि सुनील कुकरेजा, रजिस्ट्रार (सूचना प्रौद्योगिकी) के साथ मिलकर सोमवार को उच्च न्यायालय परिसर में फिल्म की स्क्रीनिंग का आयोजन करेंगे। इस स्क्रीनिंग के बाद मामले की सुनवाई 8 अगस्त को तय की गई है।

19 सितंबर, 2008 की इस घ’टना में दो सं’दिग्ध आतंक’वादियों को दिल्ली पुलिस और इंडियन मुजाहिदीन के कथित आतंक’वादियों के बीच हुए मुठ’भेड़ में मा’रा गया था। जामिया नगर के बाटला हाउस की इस घटना ने पूरे देश में सनसनी मचा दी थी। इस क्षेत्र से तीन अन्य सं’दिग्धों को गिर’फ्तार किया गया था, और कई अन्य को भारत के कई स्थानों से हि’रासत में लिया गया था। मुठ’भेड़ में दिल्ली के एक पुलिस निरीक्षक मोहन चंद शर्मा भी मा’रे गए थे।