जानें क्या है POCSO Act, सरकार ने किया बदलाव, नाबालिग पर भी होगी कड़ी कार्रवाई..मिलेगी फांसी

New Delhi: आज कैबिनेट बैठक में सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए पोक्सो एक्ट में बदलाव करते हुए नियम को और सख्त किया है। चाइल्ड पोर्नोग्राफी पर प्रतिबंध लगाने के साथ ही अब नाबालिगों पर भी कड़ी कार्रवाई की जायेगी। साथ ही कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि, पोक्सो एक्ट में अब दोषी पर 302 और मुआफजा लगेगा। जाहिर है हाल ही में सदन की बैठक में तीन तलाक बिल पास किया गया जिसके बाद अब एक और अच्छी खबर सामने आई है।

क्या है पोक्सो एक्ट

Ravi shankar prasad

पोक्सो एक्ट उस समय लगता है जब अपराध करने वाला दोषी 18 साल से कम उम्र का होता है। पोक्सो शब्द अंग्रेजी से आता है। इसका पूर्णकालिक मतलब होता है प्रोटेक्शन आफ चिल्ड्रेन फ्राम सेक्सुअल अफेंसेस एक्ट 2012 यानी लैंगिक उत्पीड़न से बच्चों के संरक्षण का अधिनियम 2012। 12 साल की कम उम्र की बच्ची से शोषण के दोषी को कम से कम 20 की सजा या आजीवन कारावास या मृत्यदंड की सजा का प्रावधान किया गया है। 12 साल की कम उम्र की बच्ची से शोषण के दोषी को आजीवन कारावास या फिर 302 लगाया जाएगा। शोषण के मामलों की जांच दो महीने के भीतर पूरी करनी होगी। जाहिर है पिछले काफी समय से शोषण के मामलों में जो दोषी पाए जा रहे हैं वह सभी नाबालिग होते हैं। ऐसे में उनपर पोक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज होता है।

बैन की गई चाइल्ड पोर्नोग्राफी

मोदी सरकार की मंत्रिमंडल बैठक में कैबिनेट ने चाइल्ड पोर्नोग्राफी को बैन किये जाने को मंजूरी दे दी है। साथ ही अब पोक्सो एक्ट के तहत पाए गए दोषियों को भी 302 की धारा लगेगी। जैसे-जैसे लोकसभा चुनाव पास आ रहे हैं, मोदी सरकार एक के बाद एक बड़े फैसले लेते नजर आ रही है। तीन तलाक बिल पास किये जाने के बाद अब एक और बड़ा कदम उठाया है और पोक्सो एक्ट में बदलाव किये हैं।