जानिए उस जिले के बारे में जो नदी के बीचों-बीच बसा है

NEW DELHI : अभी तक आपने जितने भी जिलों का नाम सुना होगा वे जिले या तो एक तरफ से या दो तरफ से या तीन तरफ से जल से घिरे होंगे। आपने आज तक किसी ऐसे जिले के बारे में शायद ही सुना होगा जो नदी के बीचों-बीच बसा हो । आज हम आपको एक ऐसे ही जिले के बारे में बताने जा रहे हैं जो किसी समुद्र के किनारे नहीं बसा है बल्कि नदी के बीचों -बीच प्राकृतिक सुन्दरता के गोद में बसा है । यह जिला कही और नहीं बल्कि भारत के ही राज्य असम(ASSAM) में है । इस राज्य में बहने वाली ब्रह्मपुत्र नदी(BRAHMPUTRA NADI) में माजुली द्वीप(MAJULI ISLAND) ( ऐसी भूमि जो चारो तरफ से जल से घिरी हो ) है ।

इस द्वीप का क्षेत्रफल लगभग 880 वर्ग मील है । इसे 2016 में जिला घोषित किया गया था जो नदी में बना विश्व का सबसे बड़ा जिला है । यही नहीं इसे विश्व की सबसे बड़ा नदी द्वीप होने का भी दर्जा  प्राप्त है । यह रिकार्ड गिनीज बुक अॅाफ वर्ल्ड रिकार्ड में भी दर्ज है ।इस द्वीप पर राजनीतिक सरगर्मियां उस समय बढ़ गई थी जब असम के वर्तमान मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल (SARVANAND SONOVAL) ने 2016 में यहीं से विधानसभा चुनाव लड़े और निर्वाचित हुए।

इस द्वीप पर अलग-अलग जातिय समूहों के लगभग 1,60,000 जनसंख्या निवास करती है । इस द्वीप पर यात्रा करने जाएंगे तो पाएंगे कि यहां की अधिकत्तर जगहों पर अरूणाचल प्रदेश से आकर बसे मिसिंग(MISSING TRIBES)  जनजातियां ही मिलेंगी । इसके आलावा यहां देवरी(DEVRI) ,सोनोवाल कछारी (SONOVAL KACHHARI) जनजातियां भी निवास करती हैं । यह द्वीप  अभी चर्चा में है क्योंकि  ब्रह्मपुत्र नदी के कटाव के कारण विगत 30-40 वर्षों में इस द्वीप का क्षेत्रफल लगातार कम होता जा रहा है, जो उस द्वीप पर रहने लोगों के मन में चिन्ता पैदा कर दिया है। उन्हें चिन्ता है कि इस द्वीप के कटाव को नहीं रोका गया तो एक दिन यह  द्वीप पानी में पूरी तरह समा  जाएगा और वे लोग घर से बेघर हो जाएंंगे ।