कर्नाटक मंत्रिमंडल के गठन में देरी होने पर भड़की कांग्रेस, राज्यपाल से की सरकार बर्खास्त करने की माँग

New Delhi : कर्नाटक में भाजपा सरकार बनने के बाद भी राज्य की राजनीति में नाटक बरकरार है। मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा द्वारा सत्ता सँभालने के बाद 18 दिन बीत चुके हैं लेकिन अभी तक राज्य में मंत्रिमंडल का गठन नहीं हो सका। जिसको लेकर लगातार प्रमुख विपक्षी पार्टियाँ मुख़्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा और राज्यपाल पर निशाना साध रहीं हैं।

कांग्रेस ने मंगलवार को कर्नाटक के राज्यपाल वजुभाई वाला की राज्य में मंत्रिपरिषद की अनुपस्थिति पर “चुप्पी” पर सवाल उठाते हुए, उनसे मामले को संज्ञान में लेने और बीएस येदियुरप्पा के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार को बर्खास्त करने का आग्रह किया है।

कांग्रेस प्रवक्ता वीएस उगरप्पा ने कहा “येदियुरप्पा को सत्ता संभालने के बाद 18 दिन हो चुके हैं। फिर भी अभी तक कोई मंत्रीपरिषद नहीं बनी है, जबकि संविधान कहता है कि राज्यपाल को मंत्रिपरिषद की सहायता और सलाह पर काम करना होगा।” उगरप्पा ने कहा: “मैं राज्यपाल से पूछना चाहता हूं कि क्या संविधान के अनुसार राज्य में कोई सरकार है? राज्यपाल को मामले का संज्ञान लेना चाहिए और सरकार को बर्खास्त करना चाहिए।”

इसके अलावा उन्होंने कहा राज्य बाढ़ और लगातार बारिश से जूझ रहा है ऐसे में समय में आपातकालीन कदम उठाने के लिये मंत्रिमंडल की ज्यादा जरुरत थी। साथ ही उन्होंने कहा राज्य में बाढ़ के हालातों के कारण वह कुछ और दिनों तक इंतजार करेंगे, अगर कैबिनेट का गठन नहीं हुआ, तो वह कानूनी सहारा लेंगे।

आपको बता दें राज्य में कांग्रेस जेडीएस की गठबंधन सरकार गिरने के बाद येदियुरप्पा ने 26 जुलाई को मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी और तभी वह राज्य में वन मैन कैबिनेट बने हुये है। हालाँकि बीएस येदियुरप्पा भाजपा के आला अधिकारियों के साथ मंत्रिमंडल के गठन पर चर्चा करने के लिये पिछले हफ़्ते नई दिल्ली की यात्रा पर गये थे। लेकिन पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के निधन के कारण इस पार चर्चा नहीं हो पाई थी। इसके अलावा राज्य में बाढ़ से बिगड़ते हालतों को देखकर गृहमंत्री अमित शाह ने येदियुरप्पा को कर्नाटक वापस लौट जाने , बाढ़ राहत उपायों की निगरानी करने और पीड़ितों की जरूरतों को पूरा करने के लिए कहा था।