रेस्क्यू टीम जंग जीत गई पर शायद देर हो गई,नहीं बच सका बोरवेल में गिरा 2 साल का फतेहवीर

New Delhi : पंजाब के संगरूर में 150 फुट गहरे बोरवेल में गिरे दो साल के फतेहवीर को रेस्क्यू टीम ने तो बाहर निकाल लिया पर शायद देर हो गई।फतेहवीर जिंदगी की जंग को फतेह नहीं कर पाया।उसे मंगलवार सुबह एक अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया गया। उसे 110 घंटे से अधिक के बचाव अभियान के बाद मंगलवार सुबह बोरवेल से बाहर निकाला गया था।

राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल के जवानों द्वारा सुबह 5:30 बजे बच्चे को बचाया गया। संगरूर के उपायुक्त घनश्याम थोरी ने कहा, “फतेहवीर को बोरवेल से बाहर निकाला गया है और उसे एम्बुलेंस में अस्पताल ले जाया जा रहा है।”वेंटिलेटर से लैस एंबुलेंस के साथ चिकित्सा सहायता देने के लिए दुर्घटनास्थल पर डॉक्टरों की एक टीम तैनात की गई थी।

बच्चा 125 फीट की गहराई पर सात इंच चौड़े बोरवेल में फंस गया था। वो अपने माता-पिता का इकलौता बच्चा था।कल (सोमवार) को उसका जन्मदिन था लेकिन उसका दूसरा जन्मदिन उसके माता पिता उसके साथ नहीं मना पाए।

बोरवेल से बच्चे को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए बड़े पैमाने पर बचाव अभियान चलाया गया। अधिकारी ऑक्सीजन की आपूर्ति करने में कामयाब रहे लेकिन उसे कोई भोजन या पानी उपलब्ध नहीं कराया जा सका। बच्चे को बचाने के लिए 36 इंच व्यास का एक समानांतर बोरवेल खोदा गया।

170 फीट गहरे बोर वेल में गिरा दो साल का फतेहवीर,NDRF 15 घंटे से चला रही है बचाव अभियान

सोमवार को फतेहवीर को बचाने में हुई देरी को लेकर जिला प्रशासन और राज्य सरकार के खिलाफ लोगों में गुस्सा था।

पुलिस और नागरिक प्रशासन के अधिकारियों ने निवासियों के साथ मिलकर फतेहवीर के गिरने के तुरंत बाद गुरुवार शाम 4 बजे बचाव अभियान शुरू कर दिया था। NDRF की टीम शाम 7 बजे प्रयासों में शामिल हुई थी। अधिकारियों ने बताया कि बोरवेल करीब 150 फीट गहरा है और बच्चा करीब 110 फीट पर फंस गया था।

दो साल का फतेहवीर जब अपने खेतों में खेल रहा था तो धोखे से खेत के ही पुराने 170 फीट गहरे बोर वेल में गिर गया।परिवार वालों ने जब इसकी सुचना पुलिस में दी तो बच्चे को बचाने के लिए बचाव दल को बुलाया गया।