कैश की कमी को जल्द पूरा करे RBI- वित्त मंत्रालय.. डिजिटल इंडिया के चक्कर में खाली पड़े हैं ATM

कैश की कमी को जल्द पूरा करे RBI- वित्त मंत्रालय.. डिजिटल इंडिया के चक्कर में खाली पड़े हैं ATM

By: Aryan Paul
April 14, 03:04
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New Delhi: ATM में कैश की किल्लत को देखते हुए वित्त मंत्रालय ने RBI को निर्देश दिया है कि जल्द ही इसका समाधान निकाला जाए। चूंकि अभी छोटे शहरों में कैश की किल्लत साफ देखी जा सकती है।

RBI का कहना है कि एटीएम में कैश भरने के लिए बैंकों को जरूरत के हिसाब से कैश दिया जा रहा है। वित्त मंत्रालय के एक उच्चाधिकारी के मुताबिक, जिन राज्यों में एटीएम में कैश की किल्लत की खबरें सामने आ रही हैं, उनमें छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों में किल्लत ज्यादा है। आरबीआई के जरिए बैंकों से कहा गया है कि वह इन शहरों में एटीएम में तेजी से कैश डालने और जो एटीएम खराब है, उनको दुरुस्त करने की रफ्तार तेज करें। 
 

देश के कई राज्यों में एटीएम में कैश की किल्लत को लेकर कई कारण सामने आ रहे हैं। सरकार ने फाइनेंशियल रेजॉलूशन ऐंड डिपॉजिट इंश्योरेंस बिल लाने की लाने की बात की थी। हालांकि इस बिल को वापस ले लिया गया है। बता दें कि इस बिल के मुताबिक, अगर कोई बैंक किसी कारणवश वित्तीय संकट में फंस जाता है तो जमाकर्ताओं के पैसे से उसकी भरपाई की जाएगी। बिल के अनुसार जमाकर्ताओं की 1 लाख रुपये तक जमाराशि को छेड़ा नहीं जाएगा, बाकी राशि का इस्तेमाल बैंक के पुनरुद्धार में किया जाएगा। इससे लोगों में घबराहट फैल गई थी। 

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तभी से लोगों ने एटीएम से ज्यादा कैश निकालना शुरु कर दिया। अब पीएनबी घोटाला सामने आने के बाद लोगों को लग रहा है कि कई बैंक वित्तीय संकट में फंस सकते हैं। ऐसे में वे पहले की तुलना में एटीएम में ज्यादा निकाल रहे हैं और इससे एटीएम जल्द खाली हो रहे हैं। 

वित्त मंत्रालय ने आरबीआई को 2000 रुपये के नोट प्रिटिंग कम करने और छोटे नोटों की प्रिटिंग बढ़ाने को कह रखा है। इसके साथ एटीएम में भी 2000 रुपये के नोट की बजाय छोटे नोट ज्यादा डालने के लिए आरबीई को कहा गया है। ऐसे में एटीएम में डाले गये करंसी नोट की कुल वैल्यू कम हो रही है। इससे एटीएम जल्द खाली हो रहे हैं। इसके अलावा वित्त मंत्रालय ने अपनी स्टडी में पाया है कि बैंकों के कुल एटीएम में 15 फीसदी एटीएम खराब हैं। 

तो वहीं अब मोदी सरकार डिजिटल इंडिया को प्रमोट कर रही है। इसके चलते बैंकों, विशेष रूप से सरकारी बैंकों ने नए एटीएम लगाने की संख्या में 30 से 40 फीसदी की कमी की है। एक सरकारी बैंक के उच्चाधिकारी का कहना है कि नए एटीएम को लेकर पॉलिसी सख्त हो गई है। लोगों को ऑनलाइन और कार्ड से पेमेंट करने के लिए प्रमोट किया जा रहा है। 
 

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