पी.चिदंबरम पर जांच एजेंसियों की हड़बड़ी यह दिखाता है कि वे दबाव में काम कर रही हैं : अशोक गहलोत

New Delhi : पूर्व वित्त मंत्री पी.चिदंबरम पर हो रही कार्यवाई को लेकर राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत ने सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक भारतीय नागरिक को भारतीय कानूनी प्रणाली के अनुसार उपलब्ध सभी कानूनी उपायों का उपयोग करने के लिए खुद का बचाव करने का कानूनी अधिकार है। पी.चिदंबरम को पकड़ने के लिए जांच एजेंसियों की हड़बड़ी यह स्पष्ट रूप से दिखाता है कि वे दबाव में काम कर रही हैं।

इससे पहले चिदंबरम पर हो रही कार्रवाई को लेकर राहुलगांधी ने कहा था कि – ‘सरकार, पी चिदंबरम के चरित्र हनन के लिए सीबीआई, ईडी औए बिन वजूद वाली मीडिया का उपयोग कर रही है। मैं सत्ता के इस घृणित दुरुपयोग की कड़ी निंदा करता हूं’। INX मीडिया मामले में कांग्रेस नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। देश के सभी एयरपोर्ट पर अलर्ट जारी कर दिया गया है। चिदंबरम देश छोड़कर कहीं भी नहीं जा सकते।

चिदंबरम की याचिका को CJI रंजन गोगोई के पास भेजा गया था। लेकिन भारत के मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई आयोध्या मामले में व्यस्त हैं। वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल, पी चिदंबरम की याचिका को मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई के समक्ष तत्काल सूची का उल्लेख करने में विफल रहे। याचिका में अंतरिम जमानत की अपील की गई थी।

पहले पी.चिदंबरम के वकील सुप्रीम कोर्ट पहुंचे वहां उनकी अग्रिम जमानत याचिका रद्द कर दी थी। फिर वकील ने स्पेशल लीव पेटीशन (SLP) शीर्ष अदालत में दायर की । इस पेटीशन में दिल्ली उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ अंतरिम राहत की मांग की गई थी। सुप्रीम कोर्ट में इस याचिका को लेकर वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल, सलमान खुर्शीद और विवेक तन्खा अदालत के अंदर मौजूद थे।