शबाना आज़मी, नसीरुद्दीन शाह सहित कई मुस्लिम हस्तियों ने अयोध्या फैसले की समीक्षा का किया विरोध

New Delhi: शबाना आज़मी और नसीरुद्दीन शाह सहित लगभग 100 प्रतिष्ठित मुस्लिम हस्तियों ने दशकों पुराने अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के खिलाफ विरोध करने वालों पर नाराजगी जाहिर की है। शीर्ष अदालत के सुप्रीम फैसले जिसमें राम मंदिर के निर्माण पर मोहर लगी है, इस पर सवाल उठाने वालों को इन हस्तियों ने फटकार लगाई है।

सर्वोच्च न्यायालय के सर्वसम्मत फैसले को चुनौती देने के कदम का विरोध किया गया है। मुस्लिम समुदाय की इन हस्तियों ने कहा है कि समाज की ओर से अयोध्या विवाद को जीवित रखने में किसी भी प्रकार की कोई मदद नहीं मिलेगी।

मुस्लिम समुदाय ने अपनी ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा है कि हम सुप्रीम कोर्ट के फैसले को चुनौती देने वाले मुस्लिम भाइयों के निर्णय पर चिंतित हैं। आगे कहा गया है कि हम इस तथ्य पर भारतीय मुस्लिम समुदाय, संवैधानिक विशेषज्ञों और धर्मनिरपेक्ष संगठनों की नाखुशी पर असंतोष हैं।

इस पूरे मामले पर शीर्ष अदालत की प्रशंसा करते हुए कहा कि अपने निर्णय पर पहुंचने में सुप्रीम कोर्ट ने लोगों का कानून के ऊपर विश्वास जिंदा रखा है। साथ में यह भी कहा गया है कि शीर्ष अदालत के फैसले को चुनौती देने से मुस्लिम समुदाय को मदद नहीं मिलेगी। इसके उलट मामले को खींचने से सिर्फ देश में अशांति ही फैलेगी, किसी का भला नहीं होगा।

सुप्रीम कोर्ट की पांच-न्यायाधीशों ने सर्वसम्मति से अयोध्या मामले पर फैसला सुनाया है। फैसले में यह कहा गया है कि राम मंदिर का निर्माण होगा और मुस्लिम पक्ष को अयोध्या में ही पांच एकड़ जमीन दिया जाएगा।