कैप्टन ने उड़ाए सिद्धू के तोते,राहुल से फरियाद करने दिल्ली पहुंचे

New Delhi :पंजाब में मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और नवजोत सिंह सिद्धू के बीच तनातनी किसी से छिपी नहीं है।दोनों अपने आप को एक दूसरे से श्रेष्ठ और सर्वोपरि मानते रहे हैं।लोकसभा चुनावों में भी सिध्दू ने कैप्टन की एक नहीं सुनी थी लेकिन अब मुख्यमंत्री ने सिद्धू को बता दिया है कि पंजाब का असली कैप्टन कौन है।कैप्टन अमरिंदर ने गुरूवार को आयोजित एक कैबिनेट मीटिंग में सिद्धू को झटका देते हुए उनसे स्थानीय निकाय विभाग वापस ले लिया और उन्हें ऊर्जा विभाग दे दिया।खबर है कि इससे नाराज होकर सिद्धू अब अपनी फरियाद लेकर दिल्ली के लिए रवाना हो गए हैं जहां वे अब राहुल गांधी से मिलेंगे।

जिस मीटिंग में सिद्धू का ये विभाग बदलने का फैसला किया गया उस मीटिंग में सिद्धू ने पहले ही आने से इनकार कर दिया था।मीटिंग के दौरान सिद्धू अपने घर पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे थे।जिसमें उन्होंने बिना कैप्टन का नाम लिए उनपर निशाना साधा था।बताया जा रहा है कि उनके इस व्यवहार से भी कैप्टन नाराज दिखे।

अब अपने विभाग बदलने से नाराज कैबिनेट मंत्री सिद्धू हाईकमान से मिलने दिल्ली चले गए हैं,जहां वह राहुल गांधी के सामने अपना पक्ष रखेंगे।हालांकि अभी तक यह तय नहीं है कि वह किस समय राहुल से मुलाकात करेंगे।सूत्रों के अनुसार सिद्धू पूरे इंतजाम के साथ अपने साथ स्थानीय निकाय विभाग से संबंधित सारे दस्तावेज लेकर गए हैं।वे अब इनसे खुद को बेकसूर साबित करेंगे।बताया ये भी जा रहा है कि अगर बात नहीं बनी तो सिद्धू मंत्री पद से इस्तीफा भी दे सकते हैं।

सिद्धू अपने पुराने स्थानीय निकाय की ही जिम्मेदारी निभाना चाहते हैं जबकि उनसे ये विभाग छीनकर कैप्टन अमरिंदर ने उन्हें बिजली विभाग की जिम्मेदारी के तौर पर सुरक्षित रखा है।जिससे वह नाराज हैं।

वहीं दूसरी ओर केप्टन अमरिंदर अपने कैबिनेट को अपडेट करने में लगे हुए हैं।जिसमें उन्होंने कई अनपरफोर्म्ड मंत्रियों से विभाग वापस लिए हैं और नए सिरे से कैबनेट को गठित किया है।अब उनका रूख मंत्रियों के परफोर्मेंस रिव्यू की ओर रहेगा।इसके तहत मुख्यमंत्री खुद हर महीने हर विभाग का रिव्यू करेंगे।