ऐसे परिवार से SPG सुरक्षा हटाई गई, जिसके 2 प्रधानमंत्रियों ने देश के लिए प्राण गंवा दिए- पटेल

New Delhi: कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा के विशेष सुरक्षा समूह (एसपीजी) की सुरक्षा केंद्र सरकार ने वापस लेने का फैसला किया है। इस फैसले के बाद अब विपक्ष सरकार को घेर रहा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता अहमद पटेल ने शुक्रवार को भाजपा नीत मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए इस कदम को ‘व्यक्तिगत प्रतिशोध तंत्र’ का नाम दिया।

पटेल ने ट्वीट किया, “बीजेपी अब व्यक्तिगत रूप से बदले की राजनीति पर उतर आई है। उन दो प्रधानमंत्रियों के परिवार (गांधी परिवार) से सुरक्षा हटाई गई है जिन्होंने आतंकी और हिंसक हमलों में अपनी जान गंवा दी।”

आज गृह मंत्रालय (MHA) ने तीन कांग्रेस नेताओं के सुरक्षा कवर की समीक्षा की और बाद में उनके SPG सुरक्षा कवर को वापस लेने का निर्णय लिया। सीआरपीएफ के जवान अब गांधी परिवार के सदस्यों की रखवाली करेंगे। वहीं अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एकमात्र व्यक्ति होंगे, जो एसपीजी सुरक्षा के घेरे में होंगे।

इस फैसले पर अजय कुमार लल्लू ने कहा कि ,’श्रीमती सोनिया गांधी जी,राहुल गांधी जी,प्रियंका गांधी जी की सुरक्षा से एसपीजी को हटाना भाजपा सरकार के तुच्छ व प्रतिशोध की राजनीति का उदाहरण हैं। देश जानता हैं कि कैसे इंदिरा गांधी जी,राजीव गांधी जी की हत्या हो गई। हम सरकार से पुनः SPG सुरक्षा की मांग करते हैं’।

राजीव गांधी की हत्या के बाद, एसपीजी अधिनियम में पूर्व प्रधानमंत्रियों और उनके तत्काल परिवारों को 10 वर्ष की अवधि के लिए सुरक्षा प्रदान करने के लिए संशोधन किया गया था, जिस दिन पूर्व प्रधान मंत्री पद ग्रहण करना बंद कर दिया था।