15 दिन बाद भी 300 फीट गहरी खाई से नहीं निकले मजदूर, यह हैं बड़े कारण जिसके वजह से नाकाम हुई पहल

New Delhi: मेघालय खदान हादसे के 15 दिन बाद भी अभी तक 300 फीट गहरी इस टनल से मजदूर नहीं निकल पाए हैं। वहीं अब वायुसेना के जवान भी इस रेस्क्यू ऑपरेशन में शामिल। वहीं हम आपको बताते हैं कि, कौन से है वो बड़े कारण जिसकी वजह से सभी पहल नाकाम हुई है। बता दें कि, इस मदजूरों की जान की परवाह ना करके राजनीति भी शुरू हो गई है।

जाहिर है बीते दिनों थाईलैंड की एक गुफा में फंसे 12 फुटबाल खिलाडि़यों को एक माह बाद गुफा से निकालने की खबरों ने पूरी दुनिया में सुर्खियां बटोरी थीं। इस गुफा में खिलाड़ी मस्ती पहुंच गए थे जिसके बाद वह उसी में फंस गए। वहीं अब मेघालय में पिछले 15 दिनों से 13 मजदूर जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं।

खदान में नदी का पानी भरने से परेशानी बढ़ी

कोयला खदान में फंसे मजदूरों को निकालने के लिए रेस्क्यू जारी है। लेकिन अभी भी एनडीआरएफ की टीम उनको बचा पाने में है। दरअसल सेना का जवान खदान के अंदर नदी का पानी अधिक भर जाने की वजह से उसमे जा नहीं पा रहे हैं। इस वजह से अभी तक मजदूरों को बाहर नहीं निकाला जा सका है। बताया जा रहा है कि, खदान के अंदर 70 फीट तक पानी भर गया है और इस वजह से उसमे जाना बेहद मुश्किल है।

बचाव के सही इंतजाम नहीं

15 दिन बीत जाने के बाद भी अभी तक मेघालय में फंसे मजदूरों के लिए कोई ख़ास इंतजाम नहीं किये जा सके हैं। वहीं खदान में नदी का पानी भर जाने से वह बाहर नहीं आ पा रहे हैं। राज्‍य सरकार की तरफ से पानी निकालने के लिए पंप का इंतजाम न होने की वजह से भी फंसे लोगों को निकालने में दिक्‍कत आ रही है। एनडीआरएफ के संतोष कुमार सिंह ने न्‍यूयॉर्क टाइम्‍स को बताया है। उनके मुताबिक एक दिक्‍कत ये भी है कि जो लोग बचावकार्य में जुटे हैं वह लोग केवल 40 फीट गहराई तक ही उतरने में महारत रखते हैं, जबकि इसमें पानी करीब 70 फीट तक भरा हुआ है। ऐसे में राज्य सरकार की तरफ से सही इंतजाम न होने की वजह से भी अभी तक रेस्क्यू नहीं किया जा सका है।

हाई स्पीड पंप की मदद से निकाले जाएंगे मजदूर

मेघालय खदान हादसे को करीब 15 दिन होने वाले हैं। लेकिन अभी तक मजदूरों का कुछ पता नहीं चल सका है। वहीं अब खदान में फंसे मजदूरों को हाई स्पीड पंप की मदद से बाहर निकाला जायेगा। वहीं बीते दिनों यह भी कहा गया कि, खदान में कई दिनों तक जिंदगी से जूझने के बाद दम तोड़ चुके हैं। अधिकारीयों ने खदान में दुर्गंध की बात भी कही थी। लेकिन अभी तक रेस्क्यू टीम खदान के अंदर नहीं पहुंच सकी है जिससे यह पुष्टि हो की मजदूरों के साथ कोई घटना हुई है। हालांकि अब इन मजदूरों को निकालने के लिए हाई पंप लाया गया है जिसकी मदद से मजदूरों को बाहर निकाला जाएगा।