370 हटने के बाद जम्मु-कश्मीर में हुईं 184 हिं’सक घ’टनाएं- दिलबाग सिंह DGP J&K

New Delhi: जम्मू और कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद विपक्ष ने ये आरोप लगाए कि राज्य में भय का माहौल है और लोगों की आवाज को दबाया जा रहा है। विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं जबकि सत्ता पक्ष लगातार इससे नकारता रहा है। ऐसे में जम्मू कश्मीर पुलिस के महानिदेशक दिलबाग सिंह ने बुधवार को स्थिति को कुछ साफ किया। DGP ने कहा कि अनुच्छेद 370 के निरस्त होने के बाद राज्य के विभिन्न क्षेत्रों से कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाली कुल 184 घटनाएं सामने आईं हैं।

उन्होंने यहां एक प्रेस को संबोधित करते हुए सिंह ने इन घटनाओं के बारे में कहा, इनमें से केवल आधा दर्जन मामलों में ही भारी हिंसा हुई थी। “अधिकांश स्थानों पर बहुत ही मामूली तरह की घटनाएं हुईं। कल तक, कानून और व्यवस्था की 184 घटनाएं सामने आई हैं, जिनमें से आधा दर्जन से अधिक घटनाएं थोड़ी हिंसक प्रकृति की थीं, बाकी छिटपुट प’त्थर बा’जी की घटनाएं हैं जो कि स्थानीय निवासियों द्वारा ही की गईं”।

डीजीपी ने कहा कि सुरक्षा बलों ने बहुत संयम बरतने की कोशिश की है और जहां भी आवश्यकता देखी गई वहां बल का बहुत कम उपयोग किया गया है।

राज्य के लोगों द्वारा बढ़ाए गए सहयोग पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा, “मुझे यह कहते हुए प्रसन्नता हो रही है कि तीनों क्षेत्रों में राज्य में हमारे लोग जम्मू-कश्मीर में कानून-व्यवस्था के बहुत अच्छा सहयोग और रखरखाव करते रहे हैं। ।” डीजीपी ने कहा कि राज्य में विभिन्न स्थानों से कई कानून-व्यवस्था की घटनाओं के बावजूद, शायद ही कोई गंभीर कानून-व्यवस्था के उल्लंघन की घटनाएं हुई हों।

आपको बता दे कि कश्मीर से धारा 370 हटाने के बाद भारत सरकार ने कहा था कि राज्य के विकास में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी। पीएम मोदी ने भी कहा था कि जम्मू कश्मीर अब विकास के पथ पर आगे बढ़ेगा। इस इन्वेस्टर्स समिट से भी राज्य में निवेश बढ़ेगा और निवेश बढ़ने से रोजगार के अवसर भी बढेंगे। सोमवार को रिलायंस ग्रुप के मालिक मुकेश अंबानी ने भी राज्य में निवेश के संकेत देते हुए कहा था कि हम जल्द जम्मू कश्मीर और लद्दाख के लिए नई घोषणाएं करेंगे।